चुदाई मस्ती इन दिल्ली पार्क

antarvasna antarvassna Indian Sex Kamukta Chudai Hindi Sex हाय दोस्तो मे मेरा नाम है रोहित मे दिल्ली मे रहता हूँ ओर ये मेरे पहली स्टोरी है इसिलिये कोई गलती हो जाए तो मे माफी चाहता हूँ में इस साइट को 2 साल से पढ़ रहा हूँ मेने बहुत सारी स्टोरी पढ़ी है ओर बहुत इन्जॉय भी किया है पढ़ के अब मेरा भी मन करता है अपनी सेक्स लाइफ के बारे मे लिखने का तो लिख रहा हूँ। पढने के बाद रेस्पॉन्स ज़रूर करिये प्लीज़ इससे मुझे सपोर्ट मिलेगा ओर मे भी आगे ओर कहानियां लिख पाउँगा अपनी लाइफ की। तो अब टाइम ना वेस्ट करते हुए स्टोरी पर आता हूँ मे अपने बारे मे कुछ बता देता हूँ पहले नाम रोहित है ओर दिखने काफ़ी अच्छा हूँ बहुत गोरा हूँ ओर लंबा हूँ मे 5’8 इंच मेरा फेस कट भी अच्छा है तो अब स्टार्ट करता हूँ.
ये कहानी 2 साल पहले की है मे एक कंप्यूटर सीखने एक इन्स्टिट्यूट मे जाया करता था वहा काफ़ी लड़के लड़कियां थी पर उनमे से एक लड़की मुझे अच्छी लगी फेस एकदम मासूम सा था ओर आँखे बहुत प्यारी थी उसकी सीधी बात कहूँ तो मेरा दिल उस पर आ गया था फिगर भी उसका अच्छा था 32-28-34 था फिर कई दिन ऐसे ही चलता रहा धीरे धीरे वहा सब का ग्रुप बन गया ओर मेरे ग्रुप मे निशा भी आ गई ही क्योकी उसकी एक फ्रेंड बन गई थी जो मेरे घर के पास रहती थी तो इसी कारण हमारी दोस्ती भी हो गई धीरे धीरे मुझे उससे प्यार हो गया ओर मे उसके ओर नज़दीक जाने लगा.
फिर एक दिन मोका पाकर मेने उसे आई लव यू बोल दिया लेकिन उसने तब मना कर दिया खेर कुछ दिन ऐसे ही उसकी ना नुकर चलती रही ओर लेकिन मेरी फ्रेंड्स ने उसे समझाया तो फिर मान गई मेरी ख़ुशी का ठिकाना नही रहा था। उस वक़्त क्योकी यार बहुत अच्छी थी दिखने मे फिगर भी कमाल का था ओर मुझे बहुत अच्छी भी लगती थी वो फिर धीरे धीरे हम फोन पर बात करने लगे ओर उसके बाद हम घूमने गये मेने उसे गार्डन मे बुलाया जहा कपल जाया करते है मेने कुछ खाने के लिए चिप्स ओर पेप्सी ले लिए थे तभी हमने एक अच्छी सी जगह देख कर बेठ गये जहा से हमे कोई नही देख पा रहा था मे उसकी गोद मे लेट गया ओर वो मेरे बाल सहला रही थी तबी मुझे बहुत मज़ा आ रहा था.
उसके बाद मेने उसका सिर पकड़ के अपनी तरफ खींच लिया ओर उसे किस किया ओर मुझे ऐसा लगा की वो खुद भी यही चाहती है क्योकी वो भी नीचे की ओर हो गई थी मेरे हल्का सा करने पर ही हमने करीब 5 मिनिट तक लगातार किस किया वो ओर मे दोनो बहुत गर्म हो गये थे उसका हाथ मेरी छाती पर चलने लगा था ओर मेरा हाथ भी उसके मुलायम बूब्स पर चला गया ओर मे उसके बूब्स दबाने लगा दोस्तो क्या बताऊँ कितना मज़ा आ रहा था लेकिन मेरा मन नंगे बूब्स को दबाने का होने लगा तो मेने उससे कहा की मुझे तुम्हारे बूब्स फील करने है तो वो बोली मे तुम्हारी हूँ अब जो चाहे करो मे मना नही करूँगी तभी मेने उसके टॉप मे हाथ डाला ओर उसके बूब्स दबाने लगा पर दोस्तो क्या फील था उसके बूब्स का। एकदम खड़े बूब्स ओर टाइट भी हो गये थे। यार मेरा तो मन था की अभी चोद दूँ.
फिर में एक बूब्स को मुँह मे ले कर चूसने लगा ओर दूसरे को हाथ से दबाने लगा ओर मुझे बड़ा मजा आ रहा था काश सच मे दूध निकलता तो ओर मज़ा आता मेने उसके बूब्स करीब 5 मिनिट तक चूसा और दोनो बूब्स चूस चूस कर लाल कर दिए थे ओर वो कह रही थी ओर चूसो बहुत अच्छा लग रहा है तभी मेरा हाथ उसकी कोमल चूत पर गया मे पेंट के उपर से सहलाने लगा साथ मे पीछे से हाथ ले जा कर एक बूब्स को दबाने लगा ओर उसके होठों को भी चूसने लगा मे एक साथ 3 काम कर रहा था ओर वो पागल हुये जा रही थी फिर मेने उसके होंठो को आज़ाद कर दिया तो देखा वो सिसकारियां भर रही है ओर उसकी चूत भी बहुत ज्यादा गर्म और गीली हो रही थी इतनी गीली की पेंटी ओर जीन्स की पेंट के उपर मेरी उंगलियो को उसका पानी महसूस हो रहा था।
मैं फिर उसके लेफ्ट बूब्स को चूसने लगा ओर राइट हाथ को पीछे ले जा कर उसके राइट बूब्स को मसलने लगा ओर अपने लेफ्ट हाथ से मेने इस बार उसकी पेंट की चेन खोल कर उसकी पेंटी मे हाथ डालते हुए उसकी चूत मे उंगली डाल दी वो कहने लगी जान क्या कर रहे हो मेने कहा प्यार मेने फिर पूछा निशा से केसा लग रहा है मेरा प्यार तो कहने लगी थी बहुत अच्छा मेने पूछा मज़ा आ रहा है तो वो कह ने लगी जान बहुत मज़ा आ रहा है अब बस करते रहो प्यार मुझे मे उसकी चूत मे उंगली करने लगा ओर बूब्स पीते हुए एक बूब्स दबाने लगा निशा तो पागल हो चुकी थी फिर अचानक निशा एकदम से अकड़ गई ओर तभी मेरा हाथ गीला हो गया उसकी चूत के पानी से मुझे पता लग गया की निशा झड़ गई है.
दोस्तो कसम से मुझे इतना तो पता लग गया था की चूत से ज़्यादा सॉफ्ट जगह ओर कोई नही लड़कियो की बॉडी मे बहुत ही ज्यादा सॉफ़्ट है यार फिर निशा ने मेरी तरफ देखा ओर आई लव यू रोहित ओर एक बहुत लम्बा किस किया हमने बाद मे फिर ऐसे ही कुछ दिन बीतते गये ओर क्लास मे हम साथ बेठते ओर खाना भी साथ खाते थे ओर कई बार वो मेरे लिए अपने हाथ से बना कर लाती खाना ओर मुझे अपने हाथ से ही खिलाती थी। कुछ दिन बाद मेने उससे कहा की में तुम्हे खुल कर प्यार करना चाहता हूँ तुम्हे हर जगह किस करना चाहता हूँ शायद वो भी यही चाहती थी पर लड़कियां थोड़ी शर्मीली होती है तो साफ साफ नही कह पाती बस लेकिन दिल मे उनके होती है।
उसने पहले हमेशा की तरह ना नुकर किया लेकिन उसने भी बाद मे सच बोल दिया की मे भी तुम्हे बहुत प्यार देना चाहती हूँ हर तरह का प्यार जेसा तुम चाहो तब मेने कहा की ठीक है हम एक दिन की छुट्टी करेगे ओर मेरे फ्लेट पर चलेंगे तो वो मान गई ओर फिर हमने छुट्टी की ओर चुदाई की खूब मज़े से मेने उसकी गांड ओर चूत भी दोनो मारी साथ ही उसकी चूत मे लंड डाल के किस करते हुए उसके बूब्स भी दबाये ओर उसने मेरा लंड भी चूसा.