गर्लफ्रेंड के साथ खेला चुदाई का खेल

हाय फ्रेंड्स, Antarvasna मेरा नाम सूरज है, मेरी उम्र 25 साल की है और मैं इलाहाबाद के पास का रहने वाला हूँ मेरी लम्बाई 5.7 फुट की है, मेरा रंग गोरा है और मैं दिखने में भी बहुत स्मार्ट हूँ. दोस्तों मैं कॉलेज में बी.ए. के तीसरे साल में पढ़ रहा हूँ, मैं इलाहाबाद में ही किराये का कमरा लेकर रहता हूँ. और आज मैं आप सभी को मेरी एक सेक्स कहानी के बारे में बताने जा रहा हूँ, जो कि, मेरे ही कॉलेज में मेरे साथ पढ़ने वाली किरण और मेरे बीच में हुए सेक्स के बारे में है। दोस्तों किरण की लम्बाई 5.5 फुट की है और ’उसका फिगर 32,28,34 का है. उसका बदन भरा हुआ था और उसका रंग एकदम गोरा था. हाँ तो दोस्तों अब सीधा मैं अपनी कहानी पर आता हूँ।

दोस्तों यह कहानी है 1 साल पहले की जब मैं बी.ए. के दूसरे साल में था. और तब मेरी मुलाकात मेरी ही क्लास में पढ़ने वाली किरण से हुई थी वह बी.ए. के दूसरे साल में मेरे कॉलेज में नई-नई आई थी. और फिर धीरे-धीरे हम दोनों में काफी अच्छी दोस्ती हो गई थी और हम दोनों ने अपने-अपने मोबाइल नम्बर आपस में बदल लिये थे. और फिर तो हम रोज ही रात में मोबाइल पर फेसबुक और वाट्स-अप पर चेटिंग करने लग गए थे. और फिर एक दिन मुझको पता चला कि, वह मुझको मन ही मन पसन्द करती है और वह मुझसे प्यार भी करती थी लेकिन मेरे कुछ समझ में नहीं आ रहा था कि, मैं उसको क्या कहूँ. और फिर जब इस बारे में उसने मुझको कहा तो मैंने सोचा कि, जब वह मुझसे प्यार करती ही है तो मुझको भी उसका दिल नहीं तोड़ना चाहिए. और फिर हम दोनों के बीच में प्यार भरी बातें होने लगी थी और फिर धीरे-धीरे हम सेक्सी बातें भी करने लग गए थे. और फिर तो हम क्लास में भी साथ में ही बैठने लग गए थे और हमारा साथ में घूमना भी होने लगा था. और फिर मेरी और उसकी प्यार की गाड़ी ऐसे ही चलती रही. और फिर एक दिन मेरी तबियत बहुत खराब हो गई थी और मैं कुछ दिन तक कॉलेज में नहीं गया था और मैंने ना ही उससे मोबाइल पर बात भी करी थी. और फिर एक दिन वह मेरे कमरे के पास आकर मुझको फ़ोन करने लगी थी और जब मैंने देखा कि किरण का फ़ोन आ रहा है तो फिर जैसे ही मैंने उसका फ़ोन उठाया तो उसने मुझपर चिल्लाना शुरू कर दिया था और वह मुझसे कहने लगी कि, मैं कितनी देर से फ़ोन कर रही हूँ और तुम कहाँ थे और इतने दिनों से कॉलेज में भी नहीं आ रहे थे. तो फिर मैंने उससे पूछा कि, क्या हुआ तुम क्यों परेशान हो रही हो? तो फिर उसने मुझसे कहा कि, मैं तुम्हारे कमरे के पास में ही हूँ, और अब तुम मुझको अपना कमरा बताओ कि, वह कहाँ है, मैं अभी आ रही हूँ तुम्हारे कमरे पर।

और फिर मैंने उसको अपने कमरे का पता बताया और फिर कुछ ही देर के बाद वह मेरे कमरे पर आ गई थी. और फिर मैंने उसे पूछा कि, आज तो तुम मेरे कमरे पर आई हो क्या कोई ख़ास बात है, सब ठीक तो है ना? तो फिर वह मुझसे बोली कि, तुम इतने दिन से कॉलेज क्यों नहीं आ रहे थे और ना ही तुमने कोई फ़ोन किया और ना ही कोई मैसेज किया. इसलिए मुझको लगा कि, कहीं तुम कोई परेशानी में तो नहीं हो इसीलिए मैं तुम्हारे कमरे पर आ गई हूँ तुमसे मिलने के लिये. और फिर हम धीरे-धीरे एक-दूसरे के गले में हाथ डालकर आपस में बात करने लगे और फिर हम एक-दूसरे को किस भी करने लग गए थे. और फिर मैं उसको करीब 15 मिनट तक किस करता रहा और इस बीच मैं कभी-कभी उसके मुहँ में अपनी जीभ डालकर उसको किस करता रहा. और फिर धीरे-धीरे मैं उसके बब्स को भी दबाने लग गया था. और फिर धीरे-धीरे मैंने उसकी टी-शर्ट को भी उतार दिया था और फिर मैंने फिर से उसके बब्स को दबाना शुरू कर दिया था। और फिर मैं उसकी ब्रा को भी खोलने लगा तो उसने मुझको मना किया और कहा कि, मुझको शरम आती है. तो फिर मैंने उसको समझाया कि, तुम मुझसे प्यार करती हो तो मुझसे किस बात की शरम? और फिर वह मेरी बात को मान गई थी और फिर मैंने उसकी ब्रा और जीन्स की पेन्ट और पैन्टी को भी उतार दिया था. और फिर वह मेरे भी कपड़े उतारने लग गई थी. और फिर हम दोनों एकदम नंगे हो गये थे. और फिर तो हम दोनों ही एक-दूसरे पर भूखे जानवर की तरह टूट पड़े थे. और हम एक-दूसरे को किस करने लग गए थे और साथ ही मैं उसके बब्स भी दबाने लगा था जिससे वह गरम हो गई थी. और फिर मैं उसके बब्स के निप्पल जो बहुत टाइट हो गये थे उनको दबा-दबाकर अपने मुहँ में लेकर चूसने लग गया था. और बीच-बीच में मैं अपने दाँतों से भी उसके बब्स के निप्पल को दबा देता था जिससे वह और भी गरम होने लग गई थी. और फिर मैं अपनी एक ऊँगली उसकी चूत में डालने लग गया था, जिससे उसको बहुत दर्द भी हो रहा था. और साथ ही मैं उसके पूरे बदन पर किस भी करने लगा था. और फिर जब मैंने उसकी चूत को किस किया तो वह मुझसे बोली कि, यह तुम क्या कर रहे हो?

तो फिर मैंने उसको कहा कि, मेरी जान, तुम तो बस मजे लो और मुझको तुमको प्यार करने दो, आज तुम सिर्फ़ मेरी हो और मैं तुम्हारा हूँ. और फिर जब मैंने उसकी चूत में अपनी जीभ को डाला तो वह जोर से इस्सस… करके आहें भरने लग गई थी और साथ ही वह मेरे सिर को अपने दोनों हाथों से पकड़कर अपनी चिकनी और रसीली चूत पर दबाने लग गई थी. और फिर वह जोर से मुझसे कहने लगी कि, खा जाओ मेरे राजा मेरी इस चूत को आज, और फिर उसके बाद वह झड़ गई थी और उसकी चूत के सारे माल को मैं पूरा ही चाट गया था. और फिर मैंने उसको मेरा लंड उसके मुहँ में लेकर चाटने को कहा तो वह मुझको मना करने लगी तो फिर मैंने उसको समझाया कि, मेरी जान मेरे बदन की हर चीज़ सिर्फ़ तुम्हारी है और तुम्हारे बदन की हर चीज मेरी है. तो फिर उसको किस करना, मुहँ में लेना, चाटना क्या ग़लत है? तो फिर वह मुझसे कहने लगी कि, यह इतना मोटा और लम्बा है यह मेरे मुहँ में नहीं जाएगा. तो फिर मैंने उसको कहा कि, फिकर मत करो मेरी जान यह आपके मुहँ में भी जाएगा और आपकी चूत में भी जाएगा. और फिर वह मेरे ऐसा कहने से डरने लगी और मना करने लगी तो फिर मैं उससे नाराज़ होने लगा तो वह मान गई थी. और फिर वह मेरे लंड को किस करने लगी. और फिर उत्तेजना में आकर मैंने अपनी आँखें बन्द करके उसके मुहँ में अपना पूरा का पूरा लंड डाल दिया था. और फिर मैं धीरे-धीरे उसके मुहँ को चोदने लगा और फिर कुछ ही देर के बाद मैंने अपना सारा पानी उसके मुहँ में ही डाल दिया था और वह मेरे सारे पानी को पी गई थी। दोस्तों ये कहानी आप कामलीला डॉट कॉम पर पढ़ रहे है।

और फिर मैंने उसको बेड पर लेटाया और फिर हम एक-दूसरे को फिर से चूमने और चाटने लग गए थे. और फिर 10-15 मिनट के बाद मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया था. तो फिर मैंने उसकी दोनों टाँगों को फैलाकर उनके बीच में आकर उसकी चूत को अपने लंड के निशाने पर लगाने के बाद मैं अपने लंड के टोपे से उसकी चूत को सहलाने लगा था. तो फिर किरण मुझसे बोली कि, प्लीज़ जान थोडा आराम से करना यह मेरा पहली बार ही है. और फिर मैंने उसकी चूत में अपना लंड डालने की कोशिश करी लेकिन मेरा लंड उसकी एकदम टाईट चूत में नहीं जा पा रहा था. तो फिर मैंने मेरे कमरे में रखी नारियल के तेल कि बोतल से तेल लेकर उसकी चूत के मुहँ पर और थोडा सा तेल अन्दर भी लगाया और अपने लंड पर लगाया। और फिर मैंने अपना लंड जैसे ही उसकी चूत के अन्दर डाला तो वह जोर-जोर से चिल्लाने और रोने लग गई थी. और साथ ही वह मुझको धक्का देने भी लग गई थी. और फिर वह मुझसे बोलने लगी कि, प्लीज़ मुझको छोड़ दो और अपना लंड बाहर निकाल लो. लेकिन मैंने उसकी एक भी नहीं सुनी थी और फिर मैं उसके होठों पर अपने होठों को रखकर उसको किस करने लग गया था और फिर जैसे ही वह शान्त हुई तो मैंने उसकी चूत में एक और जोर का धक्का देकर अपना पूरा का पूरा ही लंड उसकी चूत में डाल दिया था. और फिर मैं अपने लंड को उसकी चूत में अन्दर-बाहर करने लग गया था. दोस्तों वह जोर से चिल्लाना तो चाहती थी पर मेरे होठों के बीच में उसकी चीख दब कर रह गई थी. और फिर कुछ ही देर के बाद वह भी चुदाई का पूरा-पूरा मजा लेने लग गई थी. और साथ ही वह अपनी गांड को उठा-उठाकर मेरा पूरा साथ देने लग गई थी. और वह बीच-बीच में कहती भी जा रही थी कि, चोदो मुझको मेरे राजा और जोर से चोदो आहहह… इस्सस… उफ्फ्फ…

और फिर मैंने उसको घोड़ी बनाया और फिर उसके पीछे जाकर मैंने अपना लंड उसकी चूत में घुसा दिया था. और फिर मैंने उसको पीछे से भी खूब जमकर चोदा था. और फिर 15-20 मिनट की उस जबरदस्त चुदाई के बाद जब मेरे लंड का पानी निकलने वाला था तो मैंने अपना लंड उसकी चूत में से निकालकर उसके मुहँ में डाल दिया था और फिर 8-10 धक्कों के बाद में मैंने अपने लंड का सारा पानी उसके मुहँ में ही निकाल दिया था और वह मेरे सारे पानी को पी गई थी. और उस दिन दोस्तों मैंने उसको पूरे 3 बार चोदा था।

धन्यवाद कामलीला के प्यारे पाठकों !!