पहला सेक्स अनुभव बंगलोर की रंडी के साथ

दोस्तों मेरा नाम Antarvasna वरुण हे और मैं अपनी हॉट कहानी ले के आप लोगों के सामने आया हूँ. मैं पहले से ही आप लोगो को बहुत बहुत शुक्रिया कहता हूँ इस कहानी को पढने के लिए. मैं 23 साल का हूँ और चेन्नई में रहता हूँ. मेरी हाईट 6 फिट की हे और मेरे लंड की लम्बाई पुरे 6 इंच हे.

दोस्तों ये सेक्स अनुभव कुछ सालों पहले का है, फ्लेशबेक सा जिसे मैं आप लोगो के लिए पेश कर रहा हूँ. उन दिनों मैं 20 साल का था और सेक्स के लिए बेहद उतावला. वैसे हर वर्जिन लौंडे को अपने पहले सेक्स की तलाश और बेताबी तो रहती ही हे. मैं कोलेज के सेकंड इयर में था और जल्दी से किसी के साथ लेटने के लिए मरा जा रहा था.

तभी मैंने अपने कुछ दोस्तों के साथ बंगलौर जाने का प्लान बनाया. तब मैंने सोचा नहीं था की मेरे लंड का सिल बंगलौर में खुलना हे. हम लोग तो सिर्फ घुमने के लिए वहां गए थे. एक दोस्त की फुफेरी बहन की शादी थी. हम लोगों को पीना शीना था इसलिए हम उन्के घर की जगह एक मोटेल में रुके रगे. हम चार लोग थे और हमने दो रूम ले रखे थे. पहली नाईट को ही हमने ब्रांडी लगाईं.

वैसे मैं शराब कम ही पीता हूँ. मेरे दोस्तों ने सब ने खूब पी ली और वो लोग टूल से हो चुके थे. मैं हलके से नशे में था. सिगरेट पिने के लिए बहार निकला तो देखा की वहां बालकनी में एक 20 साल की लड़की और लड़का खड़े थे. वो लड़की बार बार मुझे देख रही थी. मैं भी उसे देख रहा था. उसने मेकप किया था और लिपस्टिक भी लगा रखी थी. वो लड़के ने मुझे देखा और स्माइल देने लगा. उसने लड़की को इशारा किया तो वो कमरे में चली गई.

लड़का फिर मेरे पास आया और बोला, कैसी लगी?

मैने कहा, एक्सक्यूस मी, क्या?

उसने कहा, अरे वही जो तू देख रहा था, वैसे 1200 लेती हे वो लेकिन मैं 900 में करवा दूंगा!

बाप रे वो तो एक रंडी ही निकली! मैंने सोचा की साला आज सही मौका हाथ लगा के अपने लंड को चोदने का अनुभव देने का. लेकिन तभी मैंने सोचा की कही पुलिस का चक्कर पड़ गया तो और वैसे इन धंधेवालियों को तो बीमारी भी हो सकती हे. मैंने अपने डाउट उस लड़के को बताये.

तो वो बोला, पुलिस का आप टेंशन मत लो, बाद में पैसे देना. और लड़कियां सब की सब नयी ही हे मेरे पास. और कंडोम लगा लेना चोदने के समय फिर कैसी टेंशन बिमारी की.

मैंने कहा, चलो ठीक हे. वो बोला, आप अंदर रूम में चले जाओ मैं यही वेट करता हूँ आप की काम खत्म करने की.

मैं अंदर गया तो वो जवान रंडी टीवी के ऊपर भड़कीले सोंग लगा के लेटी हुई थी. वो उलटी लेटी पड़ी थी और उसकी बड़ी गांड मेरे सामने थी. मेरा पहला अनुभव था रंडी का इसलिए मेरा दिल जोर जोर से धडक रहा था. उसने मुझे ऊपर से निचे देखा और बोली, फर्स्ट टाइम?

मैंने कहा, हां, लेकिन तुम तो अच्छी इंग्लिश बोल लेती हो.

वो बोली, तो तुम भी प्रोटोटाइप में बिलिव करते हो, कॉलगर्ल की इमेज वही बनाई हे की पान वाले दांत और सड़ी सी वजाइना. आई एम अ डेंटिस्ट स्टूडेंट हियर इन बंगलौर बट दू धिस फॉर एक्स्ट्रा मनी एंड प्लीजर. और मैं सिर्फ जवान लडको के साथ करती हूँ बूढों के साथ कभी नहीं.

मैंने उसे देखा वो सच में किसी अच्छे घर की ही लग रही थी. उसकी गांड के जैसे ही उसके बूब्स भी एकदम बड़े बड़े थे. उसने टीवी का वोल्यूम स्लो किया. उस रंडी ने मेरी जांघ के ऊपर हाथ रख दिया और मेरे बदन में एक ठंडी लहर ऊपर से निचे तलक दौड़ उठी. वो खड़ी हुई और मुझे हग कर बैठी. फिर उसने मेरी शर्ट के बटन को खोलना चालू कर दिया. और बोली, तुम क्या करते हो?

मैंने कहा मैं भी कोलेज में हूँ सेकंड इयर में.

वो बोली, गुड.

और उसने एक एक कर के सब बटन खोल दिए मेरे. फिर उसने मुझे वापस से हग किया और उसके बूब्स मेरी छाती में चिभे. मैंने उसके होंठो के ऊपर अपने होंठो को लगा दिया और किस करने लगा. उसने भी एकदम वेक्यूम बना दिया मेरे मुह में अपने होंठो का जोर लगा के. मैंने दोनों हाथ से उसके गाल को पकड लिए और उसके होंठो को चूसने लगा.

फिर मैंने उसे कहा, चलो अब तुम मुझे पूरा न्यूड कर दो.

उसने मेरे सब कपडे खोले और खुद भी न्यूड हो गई. मैंने उसके बूब्स के ऊपर हाथ रखा और उसके निपल्स को पिंच किया. उसने प्लीजर की वजह से अपने होंठो को दांतों के तले दबा दिया. मैंने उसे बेड के ऊपर पुश कर दिया. और फिर मैं उसके ऊपर चढ़ गया. उसके बूब्स को मुहं में ले के मैंने चुसना चालू कर दिया. मेरा लंड इस रंडी की चूत के ऊपर था और उसके निपल्स मेरी छाती के ऊपर.

उसकी चूत के ऊपर हलके हलके से बाल थे. मैंने उसके गले के ऊपर और चहरे के ऊपर किस कर दिए.

उसने भी अपने हाथ को निचे ले जा के मेरे लंड को पकड़ लिया. उसके हाथ में जैसे जादू था क्यूंकि मेरा लंड इतना कडक पहले कभी नहीं हुआ था. मैं निचे गया और उसके बूब्स को चूसने लगा और वो लंड को हिला रही थी मेरे.

फिर वो बोली, मुहं में ले लूँ?

मैंने कहा, नेकी और पूछ पूछ.

वो बोली, एक प्रोफेशनल गर्ल कभी ये सब पूछती नहीं हे. लेकिन तुम मुझे अच्छे लगे इसलिए!

उसने निचे हो के मेरे लंड को बड़े ही प्यार से अपने मुहं में ले लिया और चूसने लगी. उसने गले तक लंड को भर लिया था और मेरे अंडकोष को स्लोवली दबा भी रही थी. उसे पता था की लंड को कैसे चुसना हे! वो लान को इतने सेक्सी ढंग से चूस रही थी की 2 मिनिट में ही मेरा पानी निकल पड़ा. उसने अपनी पर्स से टिश्यू निकाला और मेरी मुठ को साफ़ की.

मैं खड़ा हुआ और एक सिगरेट सुलगा ली. मैं थोडा टेन्स था. वो बोली, क्या हुआ?

मैंने कहा, डीड आई कम टू अर्ली? (क्या मेरा पानी जल्दी छुट गया?)

वो हंस के बोली, नो नो ऐसा नहीं हे बार में ऐसे ही होता हे जल्दी जल्दी. अब करोगे तो इतना जल्दी नहीं निकलेगा. तुम हाथ से तो हिलाते होगे ना? तब कितना टाइम लगता हे?

मैंने कहा, तब पांच मिनिट जैसा लगता हे.

तो वो बोली, फिर तो तुम आराम से 15 मिनिट चोदोगे, क्यूंकि हाथ से हिलाने में ज्यादा प्रेशर होता हे लंड के ऊपर, उतना प्रेशर पुसी में नहीं होता हे.

फिर उसने हाथ लम्बा कर के सिगरेट मांगी. वो भी फूंकने लगी. हमने शेरिंग में सिगरेट खत्म की उतने में मेरा लंड फिर से खड़ा हुआ. उसने एक बार फिर से लंड को चूसा और कडक कर दिया. फिर अपनी पर्स से एक कोहिनूर का कंडोम निकाल के मेरे लंड को पहना दिया. फिर उसने अपनी दोनों टांगो को पूरा खोला और मेरे लंड को अपनी चूत में डलवा लिया.

वाऊ क्या फिलिंग थी चूत में लंड देने में! मैं एकदम ही हॉट हो गया और उसे पकड़ के किस करने लगा. वो बोली, धीरे धीरे से चोदना पहले मुझे.

मैं अपनी कमर को हिला के अपने लंड को उसकी चूत में अन्दर बहार कर रहा था.

उसको भी मेरे साथ सेक्स में मजा आ रहा था. वो अपनी गांड को हिला के मुझे पूरा गाइड कर रही थी. मैंने उसके बूब्स को मुहं में भर लिये और उसे चोदने लगा. वो मुझे बिच बिच में एकदम कस के बाहों में भर लेती थी और मेरे होंठो को भी चूस लेती थी. 12-13 मिनिट के बाद मेरे लंड का पानी निकल गया. वो बोली, धीरे से बहार निकालना वरना कंडोम फट जाएगा. मैंने तल वाले हिस्से से लंड को पकड़ के निकाला बहार. उसने कंडोम निकाला और बिन में फेंक दिया.

मैंने फिर से एक सिगरेट सुलगा ली. वो बोली, कैसा लगा?

मैंने कहा, ग्रेट!

वो बोली, ओके धेन.

मैंने कहा, केन वी हेव एनाल? (क्या हम गांड सेक्स करें?)

वो बोली, आई चार्ज एक्स्ट्रा फॉर इट. (मैं उसका एक्स्ट्रा चार्ज करती हूँ.)

मैंने कहा, आई विल व्हाटएवर इट टेक्स. (उसके जितने भी बनते हे मैं दे दूंगा.)

उसने कहा एक काम करो गांड चोदने से पहले मुझे शराब पिलाओ ताकि दर्द कम हो. मैंने कपडे पहने और बार से व्हिस्की ले आया. एक एक पेग लगाने के बाद उसने मेरे लंड को चूसा. फिर मैंने इस रंडी की गांड के ऊपर शराब डाल के चाटी. फिर एक और कंडोम लगा के मैंने उसकी गांड में अपना लंड डाल दिया. उसके मुहं से दर्द भरी चीखें निकल रही थी. इसलिए मैंने अपने हाथ से उसका मुहं बंद कर दिया. मैं जोर जोर से गांड मारने लगा इस रंडी की.

गांड का छेद बहुत टाईट और गरम था इसलिए 3-4 मिनिट में ही मेरा वीर्य निकल गया.

वो थक चुकी थी और मैं भी. मैंने कंडोम बिन में फेंका और कपडे पहनने लगा. मैंने उसे कहा, ये लो 1000 रूपये तुम्हारे, बहार जो लड़का हे उसे मैं और पैसे दे दूंगा जो उसने बोले थे.

उसने कहा, ओके.

फिर उसने मुझे अपना मोबाइल नम्बर दिया और बोला की मैं प्राइवेट में भी मिल सकती हूँ. अगर तुम या तुम्हारा कोई दोस्त आये तो मैं आ सकती हूँ तुम्हारे होटल पर.

मैंने कहा ठीक हे मैं अभी हूँ यहाँ पर कल कॉल करूँगा!

उसने कहा, ठीक हे लेकिन इस होटल में नहीं क्यूंकि उस दलाल को नहीं पता चलना चाहिए!

मैंने कहा ठीक हे.

फिर मैंने उसे एक किस की और बहार निकल आया जहाँ पर वो दलाल मेरी वेट कर रहा था